Chandraprabha vati in Hindi- Natural & no Side Effects, Benefits

0
616
Chandraprabha vati

Chandraprabha vati in Hindi:- चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल आयुर्वेदिक औषधि के रूप में किया जाता है। चंद्रप्रभा वटी का उपयोग किसी भी आयु वर्ग के लोग कर सकते हैं। यह हमारे स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद होती है। इसमें कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो कई गंभीर बीमारियों के इलाज में सहायक होते हैं। आज हम आपके साथ हमारे इस लेख के माध्यम से चंद्रप्रभा वटी से जुड़ी सभी आवश्यक जानकारी जैसे चंद्रप्रभा वटी क्या होती है?, चंद्रप्रभा वटी के फायदे, चंद्रप्रभा वटी के नुकसान, चंद्रप्रभा वटी में उपलब्ध पोषक तत्व आदि पर चर्चा परिचर्चा करेंगे।

Chandraprabha vati in Hindi

चंद्रप्रभा वटीएक आयुर्वेदिक दवा होती है, जिसे प्राकृतिक पेड़ पौधों से प्राप्त किया जाता है। चंद्रप्रभा वटी में कई जड़ी बूटियों का इस्तेमाल किया जाता है। यह हमारे शरीर में चमक लाने और ऊर्जा का संचार करने का कार्य करती है। चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल शरीर की आंतरिक गंभीर बीमारियों के लक्षणों को ठीक करने में भी किया जाता है। चंद्रप्रभा वटी का उपयोग मुख्य रूप से मूत्र पथ, गुर्दे, लिवर, थायरॉयड ग्रंथि, हड्डियों व जोड़ों के रोग कब्ज, मधुमेह, पुरुषों की समस्याएं, महिलाओं की समस्याएं, मानसिक विकारों आदि समस्याओं से निजात दिलाने के लिए किया जाता है।

Chandraprabha vati in Hindi

चंद्रप्रभा वटी में कई घटक पाए जाते हैं ।उनमें से प्रमुख होते हैं -चंद्रप्रभा, वचा, मुस्ता, अमृता, दारुक, हरिद्रा, अतिविषा, दार्वी, पिपली मूल, चित्रक, धान्यक, हरीतकी, बिभीतक, आमलकी, सोंठ, काली मिर्च, स्वर्णमाक्षिक धातु, यवक्षार, सज्जीक्षार, दंती, पत्रक, दालचीनी, एला, पिप्पल, वंशलोचन, सिता, शिलाजीत, गुग्गलू आदि प्रमुख घटक है।

Benefits of Chandraprabha vati in Hindi

Chandraprabha vati in Hindi

किडनी के लिए (Chandraprabha vati in Hindi for kidney problems)

गुर्दे के खराब होने पर मंत्र की उत्पत्ति बहुत कम हो जाती है ,जिसके कारण हमारे शरीर में कई रोग पैदा हो जाते हैं। और मूत्राशय में विकृति होने पर मूत्र में आने पर जलन, पेडू में जलन, मूत्र का रंग लाल होना और या अधिक दुर्गंध आना आदि समस्या सामने आ सकते हैं।

इन सभी समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए चंद्रप्रभा वटी का कमाल कर सकते हैं । यह किडनी की कार्य क्षमता को बढ़ाने का कार्य करती है और शरीर को साफ करने में सहायक होती है। हमारे शरीर से यूरिक एसिड और यूरिया आदि तत्वों को बाहर निकालने में सहायक होती है। किडनी रोगों से पीड़ित लोग डॉक्टर से सलाह लेकर चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल कर सकते हैं।

डायबिटीस के लिए (Chandraprabha vati in Hindi for diabetes)

चंद्रप्रभा वटी में anti-diabetic औषधीय गुण पाया जाता है, जो डायबिटीज की समस्या को नियंत्रित करने में सहायक होता है। चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल करने से आप डायबिटीज की समस्या से छुटकारा पा सकते हैं। यह हमारे शरीर में रक्त में शर्करा की मात्रा को नियंत्रित करने में सहायक होते हैं। और डायबिटीज की समस्या से निजात दिलाते हैं।

मूत्र संबंधित विकारों के लिए (Chandraprabha vati in Hindi for urinary tract problems)

चंद्रप्रभा वटी मूत्र संबंधित विकारों और वीर्य विकारों के लिए काफी फायदेमंद और प्रसिद्ध आयुर्वेदिक दवाइयों में से एक है। मूत्र आने पर जलन, रुक रुक कर कठिनाई से मूत्र आना, मूत्र में चीनी आना, मूत्र में एल्ब्यूमिन पाया जाना, मूत्राशय में सूजन, लिंग इंद्रियों की कमजोरी आदि समस्याओं के लिए चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल कर सकते हैं। चंद्रप्रभा वटी मूत्र संबंधित समस्याओं को ठीक करने के लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकती हैं।

Chandraprabha vati in Hindi

शारीरिक और मानसिक शक्ति के लिए (Chandraprabha vati in Hindi for physical and mental health)

चंद्रप्रभा वटी ऊर्जा का एक प्रमुख स्त्रोत है। यदि आप थोड़ी सी मेहनत करने के बाद थक जाते हैं और तनाव आदि समस्याओं से ग्रसित है तो आप चंद्रप्रभा वटी का सेवन कर सकते हैं। चंद्रप्रभा वटी का सेवन करने से शरीर में फुर्ती और स्मरण शक्ति बढ़ती है। चंद्रप्रभा वटी का उपयोग टॉनिक के रूप में किया जाता है। यह आपके शरीर को विषाक्त पदार्थों से मुक्त करने का कार्य करता है। चंद्रप्रभा वटी का सेवन करने से शारीरिक और मानसिक शक्ति में वृद्धि होती है।

वीर्य संबंधित रोगों के लिए (Chandraprabha vati in Hindi sperms quality)

चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल पुरुष व महिलाएं दोनों कर सकते हैं। पुरुषों में अधिक शुक्रक्षरण और स्त्रियों में अधिक रजस्राव होने के कारण शरीर कांति नष्ट हो जाती है, जिससे शरीर का रंग पीला पड़ना, थोड़ी परिश्रम में जल्दी थक जाना, आंखों का अंदर धसना, भूख ना लगना आदि समस्याएं सामने आती है। इन सभी समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए आप चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल कर सकते हैं।

यह हमारे शरीर में रक्त आदि धातुओं में वृद्धि करता है ।चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल करने से स्पर्म काउंट बढ़ती है। ब्लड सेल रक्त कोशिकाएं भी बढ़ती है और निर्माण करती है। यह स्वप्नदोष या शुक्र वाहिनी नाड़ियों के कमजोर पड़ जाने पर चंद्रप्रभा वटी को गुडुची के क्वाथ के साथ लेना चाहिए।

स्त्रियों के रोगों के लिए (Chandraprabha vati in Hindi for female problems)

स्त्रियों के रोगों से छुटकारा पाने के लिए चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल कर सकते हैं। चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल करने से गर्भाशय की कमजोरी बार-बार गर्भपात होना आदि समस्याओं से छुटकारा पाया जा सकता है। चंद्रप्रभा वटी का सेवन करने से अधिक रक्तस्राव होने की समस्या से भी छुटकारा पा सकते हैं। महिलाओं संबंधित समस्याओं के लिए चंद्रप्रभा वटी काफी फायदेमंद और गुणकारी साबित होता है।

Chandraprabha vati in Hindi

दर्द निवारक के लिए (Chandraprabha vati in Hindi for pain relief)

चंद्रप्रभा वटी में एनाल्जेसिक औषधीय गुण पाया जाता है, जो दर्द को कम करने में सहायक होती है। यह हमारे शरीर में यूरिक एसिड के कम करने के कारण जोड़ों में होने वाले दर्द, गठिया के दर्द, जोड़ों की सूजन आदि को कम करने में सहायक होती है।। इसके अतिरिक्त यह महिलाओं में मासिक धर्म की अनियमितता को ठीक करने में भी सहायक है। चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल करने से पेट दर्द, कमर में दर्द आदि समस्याओं से छुटकारा पाया जा सकता है।

यह भी देख >> >>  मुलेठी के फायदे

Side effects of Chandraprabha vati in Hindi

  • गर्भवती महिलाओं और स्तनपान कराने वाली महिलाओं को चंद्रप्रभा वटी का सेवन करने से पहले अपने डॉक्टर से एक बार सलाह जरूर लेनी चाहिए।
  • पेट में अल्सर पाचन तंत्र में अल्सर, लोह अधिभार, थैलेसीमिया आदि समस्या से ग्रसित लोगों को चंद्रप्रभा वटी का सेवन नहीं करना चाहिए। क्योंकि इसमें आयरन प्रचुर मात्रा में पाया जाता है।
  •  उच्च रक्तचाप की समस्या से ग्रसित लोगों चंद्रप्रभा वटी का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। क्योंकि इसमें आयरन प्रचुर मात्रा में पाया जाता है जो रक्त स्राव बढ़ा सकता है।

For more details regarding the Chandraprabha vati in Hindi:- click here