Falsa Fruit In Hindi- Top 5 Healthy Benefits Of Falsa Or Phalsa Fruit In Hindi

0
819
falsa fruit in english

Falsa Fruit In Hindi:- गर्मी के मौसम में कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं होने लगती हैं। ऐसे में खुद का ध्यान रखना बहुत जरुरी है। अधिकांश लोग गर्मी के मौसम में बीमारियों से बचने के लिए मौसमी फलों का ज्यादा सेवन करते हैं। ऐसे में फालसा फल सेहत के लिए बहुत फायदेमंद है। औषधीय गुणों से भरपूर फालसा गर्मियों में अधिका मात्रा में सेवन करना चाहिए।

Falsa Fruit In Hindi

आपको बताने जा रहे हैं कि फालसा किस ( Falsa Fruit In Hindi )तरह सेहत के लिए लाभदायक है। वहीं गर्मी के मौसम में मिलने वाला खट्टा मीठा फालसा आपको इन बिमारियों से दूर रखता है. फालसा हमारे सेहत के लिए बेहद ही फायदेमंद है. फालसा औषधीय गुणों की खान है, जिसे खाने से आपके शरीर को पोषक तत्‍व मिलता है।

फालसा हमारे पेट के ठंडा रखता है. इसीलिए ( Falsa Fruit In Hindi ) आज हम आपको फालसा के गुणों के बारे में जानकारी देंगे. गर्मी के मौसम में मिलने वाले इस फल का पेड़ फैला हुआ, झाड़ी युक्‍त छोटा पेड़ होता है। यह लगभग 8 मीटर लंबा होता है। यह एक सदाबहार पेड़ है। ये झाड़ीयां सर्दीयों के मौसम में ज्‍यादा घनी और स्‍वस्‍थ्‍य दिखाई देती हैं।

इस प्रकार के पौधे रेतीली मिट्टी या समुद्र के किनारे वाली जगहों पर बहुत अच्‍छी तरह से विकास करते हैं। इसके वयस्‍क पौधों की छाल का रंग भूरा होता है। इसकी शाखएं पतली और फैली हुई होती हैं। इसके फूलों का रंग पीला या लाल-बैंगनी होता है। इनके फूलों में पांच पंखुडियां होती है। यह पौधा सर्दीयों और वसंत के मौसम में फूलता है।

इन फूलों के बाद ही फालसा का फल लगता है जो कि आकार में छोटे और गोल होते हैं। पूर्ण रूप से पकने पर इनका रंग लाल या बैंगनी होता है। लेकिन पकने के बाद इनका रंग बैंगनी या काला हो जाता है। जाड़े के जाते ही गर्मी आती है। चिपचिपाहट भरी गर्मी अपने साथ बिमारियों का भंडार लेकर आती है। मौसमी फल और सब्जियां मौसम जनित बीमारियों से लड़ने में मददगार होते हैं।

ठीक इसी तरह फालसा गर्मी के मौसम का ( Falsa Fruit In Hindi ) फल होता है जो गर्मी के वजह से हुए बीमारियों से लड़ने में मदद करता है। फालसा के अनगिनत स्वास्थ्यवर्द्धक फायदे होते हैं जो फालसा को बहुगुणी फल बना देता है।फालसा इतना बहुगुणी होता है कि वह कमजोरी दूर करने में न सिर्फ टॉनिक का काम करता है बल्कि लू से लगे बुखार को कम करने में भी मदद करता है।

इसी कारण आयुर्वेद में फालसा को कई तरह के बीमारियों के लिए औषधि के रुप में इस्तेमाल किया जाता है। हमारे शरीर को समय-समय पर बीमारियां और अन्य शारीरिक परेशानियां जकड़ लेती हैं। उनके इलाज के लिए हम डॉक्टर के पास अक्सर चक्कर लगाते हैं, लेकिन अगर फलों का सही (Falsa Fruit In Hindi) तरीके से सेवन किया जाए, तो शरीर को कई बीमारियों और छोटी-छोटी स्वास्थ्य समस्याओं से बचाया जा सकता है।

इसी क्रम में हम आपको आकार में मटर के दानों जैसे दिखने वाले फालसा फल के फायदे के बारे में बताएंगे। आपको इस लेख में फालसा से संबंधित हर छोटी-बड़ी जानकारी मिलेगी। फालसा फल के बारे में जानने के लिए इस आर्टिकल को आप अंत तक जरूर पढ़ें। चलिये इस मौसमी फल के बारे में विस्तार से जानते हैं।

फालसा फल क्या है

गर्म जलवायु में पाये जाने फलों में फालसा भी शामिल है जो बहुत ही पौष्टिक माना जाता है। इसका वैज्ञानिक नाम ग्रुविया एशियाटिका है जो टिलियासी परिवार से संबंधित है। इस फल की बहुत सी प्रजातियां हैं। वास्‍तव में यह एक छोटी बेरी के समान होता है। यह मानव शरीर में प्राकृतिक ठंडक दिलाने के लिए फायदेमंद होता है। इसलिए अक्‍सर ( Falsa Fruit In Hindi ) इसे गर्मीयों के मौसम शीतलन प्रभाव के लिए उपभोग किया जाता है।

यह छोटा, मुलायम और पीले रंग का झाड़ी अथवा पेड़ होता है। इसके तने की त्वचा-खुरदरी, हल्का भूरा और सफेद रंग की होती है। इसके फल गोल, बड़े मटर या जंगली झरबेरी जैसे धूसर रंग के होते हैं। जब फल कच्ची अवस्था में रहते हैं तब वह हरे रंग के तथा पके अवस्था में बैंगनी रंग के अथवा (Falsa Fruit In Hindi) लाल रंग के, खट्टे व मीठे होते हैं। आइये जाने फालसा के बारे में अन्‍य जानकारीयां।

falsa fruit in english

अन्य भाषाओं में फालसा के नाम ( Name of Phalsa Fruit in Different Languages )

Falsa in-

1) Sanskrit-परुषक, परुष, अल्पास्थि, परापर, परू, वन्यपत्रक, नीलवर्ण, परिमण्डल, परूष, गिरिपीलु, नीलचर्म, नीलमण्डल, मृदुफल, परावर;

2) Hindi-फालसा;

3) Urdu-फालसाह (Phalasah);

4) Odia-फारोसाकोली (Pharosakoli);

5) Konkani-फालसी (Phalsi);

6) Kannada–फूलसा (Phulsha), दागल (Dagala);

7) Gujrati-फालसा (Phalsa);

8) Tamil-पालिसा (Palisa), तडाची (Tadachi);

9) Telugu–पुतिकि (Putiki), जना (Jana);

10) Nepali-फुत्री (Fustri), सिआलपोत्रा (Sialpostra);

11) Panjabi-फालसा (Phalsa);

12) Benagali-फलूसा (Phalusa), फालसा (Phalsa);

13) Marathi-फालसा (Falasa), फालसी (Phalsi);

14) Malayalam-चडिछा (Chadicha)

15) English-फालसा ट्री (Phalsa tree);

16) Arbi-फालसाह (Phalasah);

17) Persian-फालसेह (Falseh), पालसह (Palasah)

फालसा मे पाए जाने वाले पोषक तत्‍व– Nutritional elements of Phalsa in Hindi

हमारी विभिन्‍न प्रकार की स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याओं को दूर करने की फालसा फल में मौजूद रहती है। इसका कारण यह है कि इसमें बहुत से पोषक तत्‍व और खनिज पदार्थों की उच्‍च मात्रा होती है। आइये जाने प्रति 100 फालसा फल के अनुसार इसमें मौजूद पोषक तत्‍व क्‍या हैं।

1) कैलोरी – 90.5

2) प्रोटीन – 1.57 ग्राम

3) कार्बोहाइड्रेट – 21.1 ग्राम

4) कैल्शियम – 136 मिली ग्राम

5) फाइबर – 53 मिली ग्राम

6) फास्‍फोरस – 2 मिली ग्राम

7) आयरन – 08 मिली ग्राम

8) सोडियम – 3 मिली ग्राम

9) पोटेशियम – 372 मिली ग्राम

10) विटामिन ए – 11 µg

11) विटामिन बी1 – 02 मिली ग्राम

12) विटामिन बी2 – 264 ग्राम

13) विटामिन बी3 – 0.825 ग्राम

14) विटामिन सी – 4.38 ग्राम

फालसा फल के फायदे – Benefits of Falsa Fruit in Hindi

1) लू लगने की समस्या के लिए ( Benefits of Falsa Fruit for Sunstroke )

लू के लगने में फालसा का सेवन फायदेमंद होता है, क्योंकि इसमें शीत गुण होने के ( Falsa Fruit In Hindi ) कारण ये लू के लक्षणों को कम करने में सहायता करता है। गर्मियों के मौसम में फालसा खाने से लू लगने की समस्या से निजात पा सकते हैं फालसा को फ्रिज में रखे और ठंडा होने पर इसे खाइए इससे फालसा का स्वाद दोगुना हो जाता है और यह हमारे शरीर को ठंडक प्रदान करता है फालसा में विटामिन सी, सोडियम, मैग्निशयम, कार्बोहाइड्रेट, पोटेशियम प्रचुर मात्रा में पाया जाता है जो हमें गर्मियों में लू लगने से बचाता है। व चहरे की रोनक बनी रहती हैं।

2) घाव के लिए ( Benefits of Falsa Fruit for wound )

falsa fruit in english

फालसा आपके घाव भरने में भी मदद करता है। ध्यान देने वाली बात यह है कि फालसा की पत्तियों को घाव और एक्जिमा को ठीक करने के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं। फालसा की पत्तियों को पीसकर त्वचा पर लगाएं और कुछ मिनट के लिए छोड़ दें, ताकि वो अपना काम कर सकें । वहीं, फालसा में विटामिन-सी पाया जाता है, जो घाव भरने में सहायक माना जाता है। इसलिए, ऐसा कहा ( Falsa Fruit In Hindi ) जाता है कि घावों पर इसकी पत्तियों का लेप और इसका सेवन दोनों तरीके से इस समस्या से राहत दिलाने में सहायक साबित होते हैं।

3) एनीमिया के लिए (Benefits of Falsa Fruit for Anemia )

falsa fruit in english

फालसा फ्रूट में आयरन भरपूर ( Falsa Fruit In Hindi ) होता है, इसलिए इसके सेवन से एनीमिया के इलाज में मदद मिलती है। इसमें मौजूद आयरन आपके शरीर की लाल रक्त कोशिकाओं को बनाने में मदद करता है, जिसकी कमी की वजह से एनीमिया होता है। एनीमिया की वजह से थकान और अन्य स्वास्थ्य समस्याएं भी हो सकती हैं । फालसा खाने के ये फायदे तो आप जान गए हैं। अब आगे फालसा फल के उपयोग और फालसा फल के नुकसान के बारे में हम आपको बताएंगे। उससे पहले एक नजर फालसा फल के पोषक तत्वों पर डाल लेते हैं।

4) वातरक्त या गठिया का दर्द के लिए ( Benefits of Falsa Fruit for Anemia )

आजकल देर तक बैठने वाला काम हो गया है। दिनभर कंप्यूटर के सामने बैठकर काम करते हैं। जिसके कारण पैरों में, हाथों में दर्द होने लगता है जो धीरे-धीरे जोड़ों ( Falsa Fruit In Hindi ) के दर्द में परिवर्तित हो जाता है। फालसा के गुण जोड़ों के दर्द में बहुत फायदेमंद होते हैं। 5 ग्राम परुषक घी का नियमपूर्वक सेवन करने से वातरक्त या गठिया, छाती में किसी प्रकार का जख्म, टी.बी., बुखार से राहत दिलाने में मदद करता है फालसा।

5) पेट दर्द के लिए ( Benefits of Falsa Fruit for stomach pain )

falsa fruit in english

डायट असंतुलित हुआ कि नहीं पेट दर्द की परेशानी होनी शुरु हो जाती है।  पेट दर्द की परेशानी में  5-10 मिली फालसे के रस का सेवन करना बहुत फायदेमंद होता है। पेट दर्द होने पर भी फालसा फल के सेवन की सलाह दी जाती है। दरअसल, इसमें फाइबर भरपूर मात्रा में पाया जाता है, जो पेट दर्द में राहत पहुंचाता है। इसलिए, फालसा फल या इसके जूस का ( Falsa Fruit In Hindi ) सेवन करने से पेट दर्द से राहत मिलती है ।

इसके साथ ही फालसा फ्रूट अपने कूलिंग एजेंट और भूख बढ़ाने व पाचन में सहायक माना जाता है । ऐसे में अगर आपका कभी पेट दर्द शरीर की गर्मी या अपच से हो रहा है, तो ऐसी स्थिति में भी फालसा उसे ठीक करने में मदद कर सकता है।

फालसा का इस्तेमाल कैसे करना चाहिए ?

हर बीमारी के लिए फालसा का सेवन और इस्तेमाल कैसे करना चाहिए, इसके बारे में पहले ही बताया गया है। अगर आप किसी ख़ास बीमारी के इलाज के लिए फालसा का उपयोग कर रहें हैं तो आयुर्वेदिक चिकित्सक की सलाह ज़रूर लें।

फालसा फल का उपयोग

फालसा फल को आप अपने आहार में कई तरीके से शामिल कर सकते हैं। इन्हीं में से कुछ फायदेमंद और झटपट तरीकों के बारे में हम नीचे बात करेंगे।

1) सबसे आसान तरीका तो फालसा को सीधे फल की तरह खाना है। ये इतने छोटे और नरम होते हैं कि एक दम आपके मुंह में घुल जाएंगे।

2) इसका आप शरबत बनाकर भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इसमें थोड़ा-सा नींबू और पुदीना स्वाद के लिए मिलाया जा सकता है।

3) फालसा के जूस में हल्का-सा गुलाब भी मिलाया जा सकता है।आप फालसा को फ्रूट सलाद में मिक्स करके खा सकते हैं।

4) इसका इस्तेमाल आप आइसक्रीम, मीठा ब्रेड और अन्य पदार्थों के लिए मीठा सिरप बनाने के लिए भी कर सकते हैं ।

5) आप फालसा को कभी भी अपने आहार में संयमित मात्रा में शामिल कर सकते हैं।

Side Effects of Phalsa Fruit In Hindi

  • फालसा में एंटी-हाइपरग्लाइसेमिक गतिविधि पाई जाती है, जिसकी वजह से ब्लड ग्लूकोज लेवल कम होता है। ऐसे में इसके अधिक सेवन से आपको हाइपरग्लाइसेमिक (लो ग्लूकोज लेवल) की परेशानी हो सकती है ।
  • आपको अगर फालसा में मौजूद किसी भी पोषक तत्व से एलर्जी है, तो आपके शरीर में इसका दुष्प्रभाव नजर आ सकता है।
  • जैसा कि हम आपको बता चुके हैं कि फालसा फल में काफी कैल्शियम होता है, ऐसे में इसे ज्यादा खाने से आपके शरीर में कैल्शियम की मात्रा ज्यादा होने की आशंका रहती है। इससे आपको हाइपरलकसीमिया हो सकता है। हाइपरलकसीमिया की वजह से आपकी किडनी पर असर पड़ सकता है।

For more details regarding the Benefits of Phalsain Hindi: click here

फालसा फल क्या है?

गर्म जलवायु में पाये जाने फलों में फालसा भी शामिल है जो बहुत ही पौष्टिक माना जाता है। इसका वैज्ञानिक नाम ग्रुविया एशियाटिका है जो टिलियासी परिवार से संबंधित है। इस फल की बहुत सी प्रजातियां हैं। वास्‍तव में यह एक छोटी बेरी के समान होता है। यह मानव शरीर में प्राकृतिक ठंडक दिलाने के लिए फायदेमंद होता है। इसलिए अक्‍सर ( falsa fruit in hindi ) इसे गर्मीयों के मौसम शीतलन प्रभाव के लिए उपभोग किया जाता है।

लू लगने की समस्या के लिए कैसे उपयोगी है फालसे बताईये?

लू के लगने में फालसा का सेवन फायदेमंद होता है, क्योंकि इसमें शीत गुण होने के ( Falsa Fruit In Hindi ) कारण ये लू के लक्षणों को कम करने में सहायता करता है। गर्मियों के मौसम में फालसा खाने से लू लगने की समस्या से निजात पा सकते हैं फालसा को फ्रिज में रखे और ठंडा होने पर इसे खाइए इससे फालसा का स्वाद दोगुना हो जाता है और यह हमारे शरीर को ठंडक प्रदान करता है फालसा में विटामिन सी, सोडियम, मैग्निशयम, कार्बोहाइड्रेट, पोटेशियम प्रचुर मात्रा में पाया जाता है जो हमें गर्मियों में लू लगने से बचाता है। व चहरे की रोनक बनी रहती हैं।

फालसा के Side Effects बताईये?

फालसा में एंटी-हाइपरग्लाइसेमिक गतिविधि पाई जाती है, जिसकी वजह से ब्लड ग्लूकोज लेवल कम होता है। ऐसे में इसके अधिक सेवन से आपको हाइपरग्लाइसेमिक (लो ग्लूकोज लेवल) की परेशानी हो सकती है ।
आपको अगर फालसा में मौजूद किसी भी पोषक तत्व से एलर्जी है, तो आपके शरीर में इसका दुष्प्रभाव नजर आ सकता है।
जैसा कि हम आपको बता चुके हैं कि फालसा फल में काफी कैल्शियम होता है, ऐसे में इसे ज्यादा खाने से आपके शरीर में कैल्शियम की मात्रा ज्यादा होने की आशंका रहती है। इससे आपको हाइपरलकसीमिया हो सकता है। हाइपरलकसीमिया की वजह से आपकी किडनी पर असर पड़ सकता है।