Masoor Dal Benefits: मसूर की दाल खाने के अध्भुत फायदे और अधिक मात्रा में खाने के नुक़सान, जानिये

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Masoor Dal Benefits

Masoor Dal Benefits:- आप सभी ने रसोई में विभिन्न प्रकार की दालें देखी होगी उन्हीं दालों में से एक होती है मसूर दाल। अन्य दलों की तुलना में की तरह मसूर की दाल भी स्वादिष्ट तथा स्वास्थ्य के लिए काफी गुणकारी होती है। (Masoor Dal Benefits) आज हम आपके साथ हमारे इस लेख के माध्यम से मसूर की दाल से जुड़ी सभी आवश्यक जानकारी जैसे मसूर की दाल के फायदे,  मसूर की दाल के नुकसान तथा मसूर की दाल के पोषक तत्व आदि पर चर्चा परिचर्चा करेंगे । साथ ही में यह भी बताएंगे कि मसूर क दाल कितने प्रकार की होती है।

Masoor Dal Benefits

Table of Contents

मसूर की दाल को अंग्रेजी में lentil के नाम से जाना जाता है । इसका वैज्ञानिक नाम Len culinaris और lens Esculenta होता है। मसूर की दाल फलियों के परिवार से संबंध रखती है। मसूर की दाल आकार में मध्यम आकार की होती है एवं बीच में से मसूर दाल को दो भागों में बांटा जा सकता है। मसूर की दाल पर हल्के रंग का पतला छिलका चढ़ा होता है । (Masoor Dal Benefits) मसूर की दाल कई प्रकार की होती है जैसे का सतरंगी रंग पीले रंग काली लाल भूरे तथा हरे रंग आदि । मसूर की दाल के पौधा लगभग 15 से 75 सेमी लंबाई में होता है।

Benefits of Masoor Dal in Skin

  • Fine Lines को हटाकर एजिंग को धीमा करती है:- मसूर दाल Antioxidants से प्रचुर होती है। इस तरह, यह मुक्त कणों से होने वाली कोशिका क्षति को प्रभावी ढंग से कम कर सकती है। इन Antioxidants के कारण, आपकी त्वचा Aging के संकेतों से लड़ सकती है, जैसे कि Fine Lines & Wrinkles।
  • त्वचा को मुलायम और चमकदार बनाती है:- यह Vitamin B से प्रहर होती है। Vitamin B Red blood cells के उत्पादन को बढ़ावा देते हैं, जिससे आपकी कोशिकाओं तक oxygen की मात्रा अधिक हो जाती है। इसी वजह स आपके पास चमकदार मुलायम त्वचा हो जाती है।
  • त्वचा के दाग-धब्बे हटाती है मसूर दाल:- मसूर दाल की पोषण सामग्री प्राकृतिक प्रतिरक्षा को बढ़ावा देती है। यह त्वचा के रंग को हल्का करने में हमारी सहायता करती है और आपको ईवन टोन देती है। (Masoor Dal Benefits) इसका Face Pack आपको टैन और काले धब्बे हटाने में भी हमारी सहायता कर सकता है।

Masoor Dal Benefits

मसूर की दाल गर्म होती है या ठंडी

मसूर की दाल की तासीर गर्म होती है। जबकि मूंग की दाल की तासीर ठंडी होती है,इसलिए इन दोनों दालों को मिलाकर आप किसी भी मौसम में इस दाल को खा सकते हैं।

मसूर की दाल के प्रकार

  • मलका मसूर दाल:- यह दाल Whole Red Lentils के नाम से भी जानी जाती है।मलका दाल दो भागों में बटी हुई होती है। और पकने के बाद के लिए अन्य दलों की तुलना में अधिक समय लेती है ।
  • काली मसूर दाल:- इस दाल पर काले रंग का छिलका होता है । (Masoor Dal Benefits) लेकिन छिलका उतरने के पश्चात यह सतरंगी रंग की दिखाई देती है। अन्य मसूर दाल की तुलना में काली मसूर दाल का आकार थोड़ा बड़ा होता है।
  • लाल मसूर दाल:- इसे अंग्रेजी में Red lentil के नाम से जाना जाता है | इसका आकार गोल होता है।

मसूर दाल में प्रोटीन की मात्रा (मसूर की दाल की पोषक तत्व)

  • डॉक्टर रंजना सिंह ने बताया कि एक कप मसूर दाल में 230 Calories होती है, लगभग 15 Grams Dietary Fiber और लगभग 17 Gram Protein होता है। Iron और Protein से प्रचुर होने के कारण यह दाल Vegetarian लोगों के लिए एक आयडि‍यल च्वाइस है। मसूर की दाल में कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो हमारे स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद होते हैं।
  • मसूर की दाल में कार्बोहाइड्रेट, डाइटरी फाइबर, प्रोटीन, सोडियम, पोटेशियम, वसा, विटामिन सी, मैग्नीशियम, आयरन, कैल्शियम, विटामिन बी 6, विटामिन बी12, विटामिन ए, विटामिन बी, मोनोसैचुरेटेड वसा, फास्फोरस, मैंगनीज, तांबा, विटामिन b1 आदि प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं।

Masoor Dal Face Pack

  1. सबसे पहले आप मसूर दाल को पानी में रात भर भिगो दें।
  2. फिर आप सुबह-सुबह दाल को मोटा, दरदरा पीस लें।
  3. इसमें (पाउडर के अनुसार) लगभग एक तिहाई कच्चा दूध डालें और दाल के पेस्ट को पतला कर लें।
  4. इस Face Pack को अपनी त्वचा में गोलाकार आवृत्ति में धीरे से मसाज करने के लिए अपनी उंगलियों का उपयोग करें।
  5. इसे लगभग 20 मिनट तक रखें।
  6. बाद में इसे धो लें और अपने चेहरे को थपथपा कर सुखा लें।

Name of Masoor In Different Languages (Masoor Dal In English)

  • Hindi (masoor dal in hindi):- मसूर, मसूरक, मसूरी
  • Englsih (masoor dal in english):- लेन्टील (Lentil), स्पलिट पी (Slit pea)
  • Sanskrit:- पित्तभेषज, मङ्गल्यक, मसूर, रागदालि, मङ्गल्य, पृथुबीजक, सूर, कल्याणबीज, गुरुबीज, मसूरक, ताम्बूलराग, मसूरा, माङ्गल्या
  • Urdu:- मसूर (Masur)
  • Kannada (masoor dal in kannada):- मसूर (Masur), चनान्गी (Chanangi)
  • Gujarati:-  मसूर (Masur), मसूरा (Masura)
  • Tamil (masoor dal in tamil):- मसूर (Masur), मिसुर (Misur)
  • Telugu:- मसूरालु (Masuralu), मिसूर पप्पु (Misur pappu)
  • Bengali:- बुरो-मुस्सूर (Buro-mussur), मसुरि (Masuri)
  • Nepali:- मुसुर (Musur)
  • Punjabi:- मसूर (Masur), मसारा (Masara)
  • Marathi:- मसूरा (Masura), मसूर (Masur)
  • Malayalam:- चनमपयार (Chanampayar), वट्टूपपरूम (Vattupprum)
  • Arabic:- अदस् (Adas);
  • Persian:- बनो सुर्ख नेव सुर्ख (Bano surkh neiv surkh), विसुक (Visuk)

Masoor Dal Benefits

मसूर की दाल के फायदे

गले के रोगों के लिए- (Masoor Dal)

मसूर की दाल में कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो गले की सूजन, गले में दर्द, भोजन नहीं निकल पाना, आवाज में भारीपन आदि समस्याओं से निजात दिलाने में सहायक होते हैं। इन सभी समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए आप मसूर की दाल या इसकी पत्तियों का काढ़ा बनाकर सेवन कर सकते हैं।

वजन कम करने के लिए- (मसूर का उपयोग)

मसूर की दाल में कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो मोटापे की समस्या से छुटकारा दिलाने में सहायक होते हैं। मसूर की दाल में फाइबर प्रोटीन अधिक मात्रा में पाए जाते हैं, जो बढ़ते हुए वजन को नियंत्रित करने में सहायक होते हैं । (Masoor Dal Benefits) मसूर दाल भूख को कम करने में सहायक होते हैं, क्योंकि मोटापे के मुख्य समस्या अधिक खाना होता है । यह आपके अधिक खाने की आदत से छुटकारा दिलाने में सहायक होती है।

हृदय और कोलेस्ट्रॉल के लिए- Lentils In Hindi For Heart And Cholesterol

मसूर की दाल में फाइबर प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जो बढ़ते हुए कोलेस्ट्रॉल के को कम करने में सहायक होते हैं। इसके अतिरिक्त, मसूर की दाल में हाइपर्कोलस्ट्रॉलेरोलेमिक औषधीय गुण पाया जाता है, जो बढ़ते हुए कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में सहायक होता है।

इसके अलावा यह होमोसिस्टाइन नामक एसिड को नियंत्रित करने में भी सहायक होती है, जो खून की बढ़ी हुई मात्रा को कम करने में सहायक होती है, जिससे हृदय रोग के जोखिम को कम किया जा सकता है । हृदय संबंधी समस्याओं की समस्या से छुटकारा पाने के लिए मसूर की दाल का सेवन कर सकते हैं। (Masoor Dal Benefits) यह हमारे शरीर में बड़ी हुई रक्त की मात्रा को कम करने में सहायक होती है और रक्त में शर्करा की मात्रा को नियंत्रित करती है।

रक्त शर्करा के लिए- (Masoor Ki Daal)

मसूर की दाल में फाइबर, लिपिड, लिपॉप्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट कंपलेक्स प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जो हमारे शरीर में बड़ी हुई रक्त की मात्रा को नियंत्रित करने में सहायक होते हैं। (Masoor Dal Benefits) मधुमेह की समस्या से छुटकारा पाने के लिए मसूर की दाल का सेवन कर सकते हैं। यह आपके स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकती है।

पाचन के लिए- Lentils in Hindi For Digestion

मसूर की दाल में फाइबर प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जो पाचन तंत्र को मजबूत बनाने और कब्ज की समस्या से छुटकारा दिलाने में सहायक होते हैं। पेट से जुड़ी समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए आप मसूर की दाल का सेवन कर सकते हैं ।यह आपके स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद और गुणकारी साबित हो सकती है।

रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए- Lentils in Hindi for immune system

मसूर की दाल में पेप्टाइड्स पाए जाते हैं, जो हमारे शरीर में एंटीमाइक्रोबियल्स औषधीय गुण प्रदर्शित करते हैं। तथा संक्रमण की जोखिम को कम करने में सहायक होते हैं। यह हमारे शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में सहायक होते हैं । संक्रमण से संबंधित समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए मसूर की दाल का सेवन कर सकते हैं।

कैंसर के लिए- Lentils in Hindi for cancer

मसूर की दाल में लेकिन पाया जाता है, जो Anti-Cancer औषधीय गुण प्रदर्शित करता है। इसके अतिरिक्त मसूर की दाल में खलनायक योगिक भी पाए जाते हैं, जो ट्यूमर कैंसर को बढ़ने से रोकने में सहायक होता है। मसूर की दाल का इस्तेमाल करने से पेट, थायराइड, लीवर और प्रोस्टेट कैंसर सहित कई गंभीर कैंसर को कम किया जा सकता है। हालांकि यह एक गंभीर बीमारी है। इसीलिए कैंसर जैसी गंभीर समस्या होने पर से अपना इलाज जरूर करवाएं।

दांतों और हड्डियों के लिए- (Masoor Dal Benefits In Hindi)

मसूर की दाल में कैल्शियम मैग्नीशियम तथा फास्फोरस प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जो हड्डी हो तथा दांतो से जुड़ी समस्याओं से छुटकारा दिलाने में सहायक होते हैं। मसूर की दाल के सेवन करने से हड्डियों में तथा जोड़ों के दर्द से छुटकारा जा सकता है । मसूर की दाल का सेवन करने से दांत मजबूत होते हैं ।(Masoor Dal Benefits)  यह आपके लिए स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद होती है।

मस्तिष्क के लिए- Lentils in Hindi for Brain

मसूर की दाल में हाइड्रो अल्कोहलिक एक्सपेक्ट मौजूद होते हैं, जो पार्कीसंस (केंद्रीय तंत्रिका तंत्र से जुडी) समस्या के लक्षणों को कम करने में सहायक होता है। इसके अतिरिक्त मसूर की दाल में फ्लेवनॉयड्स पाए जाते हैं, जो मस्तिष्क में रक्त के प्रवाह को नियंत्रित करने में सहायक होते हैं ,जिससे न्यूरोजेनेसिस को भी बढ़ावा मिलता है । (Masoor Dal Benefits) मसूर की दाल का सेवन करने से बढ़ती उम्र के कारण होने वाले दिमाग संबंधित समस्याओं से छुटकारा पाया जा सकता है।

मांसपेशियों के लिए- Lentils in Hindi for Muscles

मसूर की दाल में प्रोटीन प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जो हमारे मांसपेशियों के विकास करने में सहायक होते हैं। मांसपेशियों को मजबूती प्रदान करने और प्रोटीन की कमी को पूरा करने के लिए आप मसूर की दाल का सेवन कर सकते हैं।

गर्भावस्था के दौरान- Lentils in Hindi During Pregnancy

मसूर की दाल में फोलिक एसिड पाया जाता है, जो शिशु और गर्भवती महिला दोनों के विकास के लिए काफी आवश्यक होते हैं। मसूर की दाल में प्रोटीन भी प्रचुर मात्रा में पाया जाता है, (Masoor Dal Benefits)जो गर्भावस्था के दौरान गर्भ में पल रहे शिशु के विकास के लिए भी काफी गुणकारी है।

Masoor Dal Benefits

त्वचा और बालों के लिए- Lentils in Hindi For Skin and hair

मसूर की दाल में कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो हमारे त्वचा के लिए काफी फायदेमंद होते हैं । आप मसूर की दाल का फेस पैक बनाकर भी इस्तेमाल कर सकते हैं। यह त्वचा के संक्रमण और जले हुए घाव को ठीक करने में भी सहायक होता है । त्वचा संबंधित समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए आप मसूर की दाल का इस्तेमाल कर सकती हैं। (Masoor Dal Benefits) इसके अतिरिक्त मसूर की दाल मिल एंटीऑक्सीडेंट और प्रोटीन प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जो बालों को मजबूत बनाने और झड़ते बालों की समस्या से छुटकारा दिलाने के लिए सहायक होते हैं।

मसूर दाल के नुकसान

  •  मसूर की दाल का अधिक मात्रा में सेवन करने से पेट में गैस और ऐठन की समस्या सामने आ सकती है।
  •  मसूर की दाल में फाइबर अधिक मात्रा में पाए जाते हैं, जो हमारे शरीर से आयरन, जिंक, मैग्नीशियम तथा कैल्शियम जैसे पौष्टिक तत्वों का अधिक    मात्रा में अवशोषण कर लेते हैं।
  •  मसूर की दाल में कैल्शियम अधिक मात्रा में पाए जाता है, जिससे पथरी की समस्या सामने आ सकती है।
  • मसूर की दाल को अधिक पदार्थों की श्रेणी में रखे जाने के कारण अधिक मात्रा में सेवन करने से पेट में एसिडिटी की समस्या भी हो सकती है |

सबसे गर्म दाल कौन सी होती है?

मसूर की दाल की तासीर गर्म होती है। जबकि मूंग की दाल की तासीर ठंडी होती है,इसलिए इन दोनों दालों को मिलाकर आप किसी भी मौसम में इस दाल को खा सकते हैं।

मसूर की दाल के कितने प्रकार है?

मलका मसूर दाल:- यह दाल Whole Red Lentils के नाम से भी जानी जाती है।
काली मसूर दाल:- इस दाल पर काले रंग का छिलका होता है ।
लाल मसूर दाल:- इसे अंग्रेजी में Red lentil के नाम से जाना जाता है | इसका आकार गोल होता है।

मसूर दाल फेस पैक कैसे बनाये?

सबसे पहले आप मसूर दाल को पानी में रात भर भिगो दें।
फिर आप सुबह-सुबह दाल को मोटा, दरदरा पीस लें।
इसमें (पाउडर के अनुसार) लगभग एक तिहाई कच्चा दूध डालें और दाल के पेस्ट को पतला कर लें।
इस Face Pack को अपनी त्वचा में गोलाकार आवृत्ति में धीरे से मसाज करने के लिए अपनी उंगलियों का उपयोग करें।
इसे लगभग 20 मिनट तक रखें।
बाद में इसे धो लें और अपने चेहरे को थपथपा कर सुखा लें।

मसूर की दाल का उपयोग कैसे लें ?

मसूर की दाल में कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो मोटापे की समस्या से छुटकारा दिलाने में सहायक होते हैं। मसूर की दाल में फाइबर प्रोटीन अधिक मात्रा में पाए जाते हैं, जो बढ़ते हुए वजन को नियंत्रित करने में सहायक होते हैं । (Masoor Dal Benefits) मसूर दाल भूख को कम करने में सहायक होते हैं, क्योंकि मोटापे के मुख्य समस्या अधिक खाना होता है । यह आपके अधिक खाने की आदत से छुटकारा दिलाने में सहायक होती है।

मसूर की दाल में प्रोटीन की मात्रा कितनी होती है?

डॉक्टर रंजना सिंह ने बताया कि एक कप मसूर दाल में 230 Calories होती है, लगभग 15 Grams Dietary Fiber और लगभग 17 Gram Protein होता है। Iron और Protein से प्रचुर होने के कारण यह दाल Vegetarian लोगों के लिए एक आयडि‍यल च्वाइस है। मसूर की दाल में कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो हमारे स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद होते हैं।

भोजन पचाने के लिए मसूर की दाल कैसे उपयोगी होती है?

मसूर की दाल में फाइबर प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जो पाचन तंत्र को मजबूत बनाने और कब्ज की समस्या से छुटकारा दिलाने में सहायक होते हैं। पेट से जुड़ी समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए आप मसूर की दाल का सेवन कर सकते हैं ।यह आपके स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद और गुणकारी साबित हो सकती है।

गर्भवती महिला को मसूर की दाल का सेवन क्यों करना चाहिए?

मसूर की दाल में फोलिक एसिड पाया जाता है, जो शिशु और गर्भवती महिला दोनों के विकास के लिए काफी आवश्यक होते हैं। मसूर की दाल में प्रोटीन भी प्रचुर मात्रा में पाया जाता है, (Masoor Dal Benefits)जो गर्भावस्था के दौरान गर्भ में पल रहे शिशु के विकास के लिए भी काफी गुणकारी है।